महिला कर्मचारियों पर दबाव का आरोप—भाजपा की रैली पर उठे सवाल

रायपुर(Raipur) 20 अप्रैल 2026: भाजपा की राजनीतिक रैली में आंगनबाड़ी, मितानिन कार्यकर्ताओं, महिला शिक्षकों को दबावपूर्वक बुलाने का गम्भीर आरोप लगाते हुए प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि भाजपा की राजनीतिक रैली के लिए सरकारी तंत्रों का भारी दुरुपयोग किया गया।

उच्च अधिकारियों ने दबावपूर्वक आंगनबाड़ी, मितानिन कार्यकर्ताओं एवं महिला शिक्षकों को मौखिक आदेश देकर रैली में शामिल होने दबाव डाला। आंगनबाड़ी, मितानिन को महिलाओं की भीड़ लाने एवं महिला शिक्षकों को हेलमेट लगाकर दुपहिया लेकर रैली में शामिल होने कहा गया, क्या यही भाजपा की नारी वंदन है? शासकीय महिला कर्मचारियों को नौकरी का खतरा ट्रांसफर का डर दिखाया गया? परिवहन विभाग गाड़ियों की व्यवस्था की, सरकारी तंत्र एवं भ्रष्टाचार के पैसे से रैली की व्यवस्था की गई। प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि असल में भाजपा के भीतर ही महिला आरक्षण बिल संशोधन विधेयक के खिलाफ आवाज उठ रही है। पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे एवं पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती तो खुलकर विरोध कर रही है।

वसुंधरा राजे ने तो आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत को पत्र लिखकर उनके मौन रहने पर सवाल उठाये एवं परिसीमन बिल को गलत बताया है। वही उमा भारती ने ओबीसी महिलाओं को आरक्षण देने की मांग कर कर कांग्रेस की मांग का एक प्रकार से समर्थन किया है। ऐसे में भाजपा के भीतर खाने ही मोदी सरकार परिसीमन बिल को लेकर दो फाड़ है। अब छत्तीसगढ़ में सरकारी तन्त्रो का दुरुपयोग और बड़े नेता दबाव डालकर महिला कार्यकर्ताओं को जबरदस्ती रैली में शामिल होने कह रहे है, लेकिन वो असफल रहे है। भाजपा की नारी वंदन रैली से महिलाओं ने दूरिया बना ली। अब शासकीय कर्मचारियों को बुलाकर भाजपा का झंडा पोस्टर पकड़ाया जा रहा है। ये रैली फिर भी सफल नहीं हुई।

Author: Sudha Bag

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