(जसीम कुरैशी की रिपोर्ट)
, छूरिया जिला पंचायत सदस्य राजनांदगांव एवं महामंत्री जिला कांग्रेस कमेटी राजनांदगांव (ग्रामीण) ने छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा प्रस्तुत बजट को प्रदेश की जनता के साथ बड़ा छल बताया है। उन्होंने कहा कि वित्त मंत्री ओपी चौधरी द्वारा पेश किया गया बजट केवल कागजी आंकड़ों और बड़ी-बड़ी घोषणाओं का पुलिंदा है, जिसमें आम जनता, किसान, मजदूर, युवा और महिलाओं के लिए कोई ठोस एवं प्रभावी प्रावधान नजर नहीं आता।
महेन्द्र यादव ने कहा कि प्रदेश का किसान आज समर्थन मूल्य, सिंचाई सुविधा, खाद-बीज की उपलब्धता और कर्ज राहत की मांग कर रहा है, लेकिन बजट में किसानों को वास्तविक राहत देने वाली कोई स्पष्ट नीति नहीं दिखाई देती। बेरोजगारी चरम पर है, युवा रोजगार के लिए भटक रहे हैं, लेकिन रोजगार सृजन के लिए ठोस रोडमैप का अभाव है।
उन्होंने आरोप लगाया कि यह बजट जमीनी सच्चाइयों से कोसों दूर है। महंगाई, स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाल स्थिति, ग्रामीण सड़कों की दुर्दशा और शिक्षा व्यवस्था में सुधार जैसे मुद्दों पर सरकार ने गंभीरता नहीं दिखाई। ग्रामीण क्षेत्रों और पंचायतों को सशक्त करने के बजाय उन्हें उपेक्षित किया गया है।
महेन्द्र यादव ने कहा कि यह बजट प्रदेश की जनता की उम्मीदों पर खरा उतरने में पूरी तरह विफल रहा है। सरकार ने विकास के नाम पर केवल प्रचार किया है, जबकि हकीकत में जनता को झुनझुना थमाया गया है।
अंत में उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी जनता के हितों की आवाज को मजबूती से उठाती रहेगी और किसानों, युवाओं तथा आम नागरिकों के हक की लड़ाई सड़क से सदन तक लड़ेगी।
